पांवटा साहिब से श्री रेणुका जी तक बिग कैट की कैट वाक, नेशनल पार्क में फिर दिख बाघ

पिछले 7 महीनों से पांवटा साहिब क्षेत्र में बिग कैट की कैटवॉक देखी जा रही है। यह पहली बार है जब हिमाचल प्रदेश में वयस्क बाघ को देखा जा रहा है। यह बाघ उत्तराखंड के जिमकोर्बेट टाइगर रिजर्ब से राजाजी नेशनल पार्क होता हुआ हिमाचल के कर्नल शेरजंग नेशनल पार्क पहुंचा है। हाल ही में कर्नल शेरजंग नेशनल पार्क में लगे ट्रैकर कैमरे में बाघ की तसवीरें कैद हुई हैं और श्री रेणुका जी में लोगों ने बाघ का वीडियो बनाया है।

 

हिमाचल प्रदेश में हिमाचल प्रदेश में अब बाग की दहाड़ गूंज रही है पांवटा साहिब प्रदेश का ऐसा पहला क्षेत्र बना है जहां बिग कैट की कैटवॉक देखी जा रही है। करनाल शेर जंग नेशनल पार्क हिमाचल में टाइगर की पसंदीदा जगह बनती जा रही है। पिछले लगभग 7 महीना से एक वयस्क टाइगर को कर्नल शेरजंग नेशनल पार्क में देखा जा रहा है। इस टाइगर की तस्वीरें यहां प्रदेश वाइल्डलाइफ और राजाजी नेशनल पार्क कर्मचारियों द्वारा लगाए ट्रैक्टर कमरों में कैद हो रही है। इसके अलावा इसी बाघ को श्री रेणुका जी सेंचुरी एरिया में भी देखा गया है। यहां लोगों ने बहुत दूर से बाग की एक वीडियो बनाने का प्रयास किया। साथ ही यहां टाइगर की मौजूदगी के अन्य तमाम साक्ष्य मिल रहे हैं। हिमाचल में टाइगर को लेकर यहां वन्य प्राणी विभाग उत्साहित है तो लोगों में भी बाघ को लेकर डर के साथ उत्सुकता बनी हुई है। बताते चलें कि कर्नल शेर जंग नेशनल पार्क उत्तराखंड के राजाजी नेशनल पार्क से आए मेहमानों यानी हाथियों और टाइगर की पसंदीदा जगह बनी हुई है। राजाजी नेशनल पार्क से आए 7 से 8 हाथियों का झुंड भी नेशनल पार्क में आ आकर रह रहा है। विभाग का कहना है कि कर्नल शेर जंग नेशनल पार्क में हाथियों और बाघ पसंदीदा भोजन की प्राकृतिक तौर पर व्यवस्था है। यहां का वातावरण इन दोनों को पसंद आ रहा है। साथ ही वन्य प्राणी विभाग यहां उनके स्थाई निवास के लिए लगातार प्रयास कर रहा है। इसके लिए राष्ट्रीय उद्यान के आसपास के क्षेत्र लोगों को जागरूक किया जा रहा है ताकि इन अि दुर्लभ प्राणियों और इंसानों में टकराव की स्थिति पैदा ना हो।