पावटा नगर परिषद फिर सुर्खियों में

पावटा नगर परिषद फिर सुर्खियों में

गुरुद्वारा के सामने पार्किंग में बनी अवैध रूप से दुकाने

पावटा नगर परिषद लगातार शहर को साफ सुथरा और भ्रष्टाचार मुक्त बनाने का दावा कर रहा है लेकिन धरातल की सच्चाई कुछ और ही बयां कर रही है दरअसल नगर परिषद पांवटा साहिब के पार्किंग में अवैध रूप से कुछ दुकानों का निर्माण हो गया जिसके बाद पूरे शहर में हड़कंप मच गया है दरअसल पावटा थाना एसडीएम कार्यालय नगर परिषद से कुछ ही कदमों दूर पर पार्किंग पर अवैध रूप से दुकानें बनाई गई है।


बताते चलें कि ऐतिहासिक गुरुद्वारा  पांवटा साहिब के सामने नगर परिषद की बड़ी पार्किंग है जिसमें गुरुद्वारा पांवटा साहिब में शीश नवाने आए लोगों को मुफ्त पार्किंग मुहैया करवाई जाती है । इस पार्किंग में ही अवैध तरीके से दुकानों का निर्माण किया जा रहा है इस करोड़ों रुपए की जमीन पर आखिर गुप्त तरीके से कौन कब्जा करवा रहा है लोगों का सवाल करना लाजिम है

वही सूत्रों से मिली जानकारी मुताबिक बिना नगर परिषद के पार्षदों के बगैर यह कार्य संभव है ऐसे में यह भी कहना गलत नहीं होगा कि बिना पार्षदों के यहां पर इतना अवैध कार्य नहीं किया जा सकता ऐसा नहीं है कि नगर परिषद में ऐसा कार्य पहली बार हुआ हूं पहले भी ऐसे कई बार हो चुके हैं लेकिन हमेशा लीपापोती की जाती है लेकिन इस बार सवाल इसीलिए खड़े हो रहे हैं कि लगातार ईमानदारी का बिगड़ा पीट रही नगर परिषद और शहर को साफ-सुथरा और सुंदर बनाने का दावा कर रहा नगर परिषद फिर वही भ्रष्टाचार की राह पर चल पड़ा है।

वही इस पूरे मामले को लेकर स्थानीय टैक्सी स्टैंड सहित कई लोग जिनमें दीपक, अनिल, कपिल, कुन्दन सिंह, सुरजीत सिंह, पूरण सिंह ने अपनी आपत्ति दर्ज की है उन्होंने बताया कि जब वे लोग नगर परिषद ये जानने के लिए पहुंचे कि इन दुकानों का निर्माण कौन करवा रहा है तो पता चला कि फिलहाल नगर परिषद से दुकाने बनाने के लिए कोई भी परमिशन नहीं दी गई है।

क्या है मामला…

बता दें कि गुरुद्वारा श्री पांवटा साहिब की दुकानों में एक दर्जन से अधिक दुकानदार अपना कारोबार जमाए हुए थे लेकिन जब गुरूद्वारा प्रबंधक कमेटी ने यहां पर नए सिरे से बिल्डिंग बनाने का काम शुरू किया तो एक दर्जन से अधिक दुकानदारों अपनी दुकानों से हाथ धोना पड़ा हालांकि शुरुआती दौर में गुरुद्वारा श्री पांवटा साहिब कमेटी ने सभी दुकानदारों को दुकानें देने का आश्वासन दिया था । ऐसे में जब तक गुरुद्वारा पांवटा साहिब अपनी बिल्डिंग तैयार कर उन्हें वापिस दुकाने नहीं देता है तब तक एक दर्जन से अधिक दुकानदारों ने नगर परिषद से अस्थाई तौर पर दुकानें बनाने के लिए जमीन मांगी थी जिसके ऊपर फिलहाल कोई निर्णय नहीं लिया गया है लेकिन ऐसे में दुकानदारों ने अपने स्तर पर ही नगर परिषद पार्किंग में दुकानें बनाने का काम शुरू कर दिया।

आपको बता दें कि नगर परिषद पांवटा साहिब में दर्जनों ऐसी एप्लीकेशंस गरीब तबके के लोगों ने दे रखी है जिसमें उन्होंने नगर परिषद से जमीन मुहैया करवाने और उनके लिए दुकानें बनाने की गुहार लगाई गई है ताकि स्थानीय निवासी अपना कारोबार कर परिवार का पेट पाल सकें लेकिन अब तक इन प्रार्थना पत्रों पर नगर परिषद द्वारा कोई भी निर्णय नहीं लिया गया है ऐसे में नगर परिषद की करोड़ों रुपए की संपत्ति पर बिना परमिशन पार्किंग में दुकानें बनाना अपने आप में सवाल खड़ा करता है।

वही जब इस बारे में नगर परिषद पांवटा साहिब कार्यकारी अधिकारी संजय तोमर से बात की गई तो उन्होंने बताया कि उनके संज्ञान में ये मामला आया था मौके पर फिलहाल काम रोक दिया गया है उन्होंने कहा कि नगर परिषद में इन दुकानदारों को दुकानें देने को लेकर प्रस्ताव डाला गया था लेकिन उस पर अभी कोई भी निर्णय स्थाई तौर पर नहीं लिया गया है ऐसे में दुकानों का निर्माण फिलहाल रोक दिया गया है।